पंजाब की कैप्टन अमरिंदर सरकार ने वापस लिया अपना आदेश, इस चैनल पर मामला आने के बाद हरकत में आई सरकार

प्राइवेट अस्पतालों से सरकार ने वो डोज़ वापस मांगी, जो अभी इस्तेमाल नहीं हुई है

– NDI24 नेटवर्क
पंजाब. प्राइवेट अस्पतालों में कोरोना वैक्सीनेशन पर पंजाब की कैप्टन अमरिंदर सरकार (Captain Amarinder Government) ने अपना आदेश वापस ले लिया है। एबीपी न्यूज़ पर मामला दिखाने के बाद हरकत में आई पंजाब सरकार (Punjab Government) ने यह आदेश वापल ले लिया। इसके साथ ही, प्राइवेट अस्पतालों (Private Hospitals) से सरकार ने वो डोज़ वापस मांगी, जो अभी इस्तेमाल नहीं हुई है।

80 हजार डोज प्राइवेट अस्पतालों को…

सरकार अस्पतालों की तरफ से वैक्सीन फंड में दिया गया पैसा रीफंड करेगी। पंजाब सरकार ने वैक्सीन फंड जुटाने की मुहिम शुरू की थी, उसमें निजी अस्पतालों ने जो पैसा दिया वो अमरिंदर सरकार वापस लौटाएगी। वैक्सीन निजी अस्पतालों को देने पर घोटाले का सवाल उठाया था ABP न्यूज (ABP News) ने उठाया था। सरकारी अस्पतालों में फ्री का टीका निजी अस्पतालों में महंगे दाम पर लगाया जा रहा था। 80 हजार डोज प्राइवेट अस्पतालों को दिया गया था। 80 हजार डोज प्राइवेट अस्पतालों को दिया गया था।

हम विधिवत जांच के आदेश…

इससे पहले पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू (Balbir Singh Siddhu) ने शुक्रवार को कहा कि उन्होंने राज्य सरकार के कोरोना वायरस संक्रमण रोधी टीकों को निजी अस्पतालों को ‘देने’ संबंधी विपक्ष के आरोपों की जांच के आदेश दिए हैं। सिद्धू ने यह बयान तब दिया जब उनसे खासतौर पर विपक्ष के आरोपों के बारे में पूछा गया था। उन्होंने कहा कि मुझे जो पता चला वह मीडिया से पता चला, मैंने पहले ही जांच के आदेश दे दिए हैं और हम विधिवत जांच के आदेश देंगे। हम मामले को मुख्यमंत्री के समक्ष रखेंगे।

उपचार और टीका लगाने का काम…

विपक्ष के आरोपों पर उन्होंने कहा कि टीकाकरण कार्यक्रम उनके विभाग से जुड़ा नहीं है। सिद्धू ने कहा कि टीककरण कार्यक्रम मेरे स्वास्थ्य विभाग से जुड़ा नहीं है और इसे सीधे तौर पर मुख्य सचिव और विकास गर्ग देख रहे हैं, जो टीकाकरण अभियान के लिए राज्य के नोडल अधिकारी भी है। उन्होंने कहा कि उनका विभाग जांच, उपचार और टीका लगाने का काम करता है।

निजी संस्थाओं को बेची जा रही खुराख…

विदित हो कि विपक्षी पार्टी शिरोमणि अकाली दल ने गुरुवार को राज्य की कांग्रेस सरकार पर ‘ऊंची कीमतों’ पर निजी अस्पतालों को कोविड-19 टीके की खुराक बेचने का आरोप लगाया था। शिरोमणि अकाली दल के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने एक बयान में यहां आरोप लगाया कि राज्य में टीके की खुराक उपलब्ध नहीं हैं और आम लोगों को मुफ्त में टीके की खुराक देने के बदले उसे निजी संस्थाओं को बेचा जा रहा है।

राज्य को 400 रुपये में मिलती है…

उन्होंने दावा किया कि कोवैक्सीन टीके की खुराक राज्य को 400 रुपये में मिलती है और उसे निजी संस्थाओं को 1,060 रुपये में बेचा जा रहा है। बादल ने कहा कि निजी अस्पताल लोगों से प्रत्येक खुराक के लिए 1 हजार 560 रुपये ले रहे हैं।

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